
रांची दर्पण डेस्क। राजधानी रांची में नशे के अवैध कारोबार पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ब्राउन शुगर की खरीद-फरोख्त में संलिप्त दो युवकों को गिरफ्तार किया है। अरगोड़ा थाना पुलिस ने देर रात शांतिनगर मैदान में छापेमारी कर अरगोड़ा बस्ती निवासी विशाल कुमार और पिपरटोली निवासी संदीप तिग्गा को दबोच लिया। दोनों के पास से 37 पुड़िया ब्राउन शुगर, 20 पुड़िया ब्राउन स्टोन, दो मोबाइल फोन, 6638 रुपये नकद और एक कार बरामद की गई है।
पुलिस ने बुधवार को दोनों आरोपियों के खिलाफ अरगोड़ा थाना में मामला दर्ज कर उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया। शुरुआती पूछताछ में सामने आए तथ्यों ने रांची में फैल रहे नशे के नेटवर्क को लेकर कई अहम संकेत दिए हैं।
सूचना के आधार पर हुई छापेमारीः पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि शांतिनगर मैदान में कुछ लोग कार से पहुंचकर ब्राउन शुगर की खरीद-बिक्री कर रहे हैं। सूचना मिलते ही कोतवाली डीएसपी प्रकाश सोय के नेतृत्व में अरगोड़ा थाना पुलिस की टीम ने मौके पर छापेमारी की।
छापेमारी के दौरान कुछ संदिग्ध अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए, जबकि दो युवकों को मौके से पकड़ लिया गया। पुलिस ने जब तलाशी ली तो उनके पास से बड़ी मात्रा में नशीला पदार्थ और नकदी बरामद हुई।
कार से घूम-घूमकर बेचते थे नशाः पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि वे राजधानी के अलग-अलग इलाकों में कार से घूम-घूमकर ब्राउन शुगर बेचने का काम करते थे। इससे उन्हें पुलिस की नजर से बचने में आसानी होती थी और ग्राहक भी आसानी से मिल जाते थे।
दोनों आरोपियों ने बताया कि वे विद्यानगर निवासी अरविंद नामक व्यक्ति से ब्राउन शुगर खरीदते थे। ब्राउन शुगर उन्हें 200 रुपये प्रति पुड़िया मिलती थी, जिसे वे 500 रुपये में बेचते थे। वहीं ब्राउन स्टोन 400 रुपये में खरीदकर 600 रुपये में बेचते थे।
इस तरह वे हर पुड़िया पर अच्छा मुनाफा कमाते थे और धीरे-धीरे स्थानीय युवाओं को नशे की लत में धकेल रहे थे।
युवाओं को बना रहे थे निशानाः पुलिस के अनुसार आरोपियों का मुख्य निशाना वे युवा थे जो पहले से नशे के आदी हो चुके थे। ऐसे लोगों तक पहुंच बनाकर वे उन्हें नियमित ग्राहक में बदल देते थे। कार से घूम-घूमकर सप्लाई देने की वजह से यह नेटवर्क शहर के कई इलाकों तक फैल चुका था।
फरार तस्करों की तलाश जारीः छापेमारी के दौरान मौके से भाग निकले अन्य संदिग्धों की पहचान करने के लिए पुलिस मोबाइल फोन और अन्य सुरागों की जांच कर रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जाएगा और सप्लाई चेन में शामिल अन्य लोगों पर भी कार्रवाई होगी।
राजधानी में बढ़ती नशे की चुनौतीः विशेषज्ञों का मानना है कि पिछले कुछ वर्षों में रांची समेत झारखंड के कई शहरी इलाकों में ब्राउन शुगर और सिंथेटिक ड्रग्स का अवैध कारोबार तेजी से फैल रहा है। कम दाम में उपलब्ध नशीले पदार्थों की वजह से युवा तेजी से इसकी गिरफ्त में आ रहे हैं।
ऐसे में पुलिस की इस कार्रवाई को नशे के कारोबार पर अंकुश लगाने की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है। हालांकि, विशेषज्ञों का कहना है कि केवल छापेमारी से समस्या खत्म नहीं होगी, बल्कि सप्लाई नेटवर्क को जड़ से खत्म करना और युवाओं में जागरूकता फैलाना भी उतना ही जरूरी है। स्रोतः रांची दर्पण/मीडिया रिपोर्ट









