
रांची दर्पण डेस्क, 4 नवबंर 2026 (बुधवार)। झारखंड की राजधानी रांची में बुधवार, 4 नवंबर (Ranchi News Today) को राजनीतिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और प्रशासनिक गतिविधियां सुर्खियों में हैं। एक ओर कुड़मी समाज का पारंपरिक डहरे सोहराय उत्सव राजधानी की सड़कों पर लोकसंस्कृति की छटा बिखेर रहा है तो दूसरी ओर झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और बार काउंसिल ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि पद के लिए चुनाव को लेकर अधिवक्ताओं की निगाहें टिकी हैं।
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के तहत बूथ स्तर पर महत्वपूर्ण बैठकें हो रही हैं। कांग्रेस के प्रदेश प्रभारी के. राजू का तीन दिवसीय दौरा भी राजनीतिक हलचल बढ़ाने वाला है। वहीं, निर्माण सामग्री की बढ़ती कीमतों, एचईसी कर्मचारियों के बकाया वेतन और बदलते मौसम ने आम लोगों की चिंता बढ़ा रखी है।
आइए जानते हैं रांची और आसपास की आज की 10 प्रमुख खबरें, उनका पूरा घटनाक्रम और आम जनता पर पड़ने वाला असर।
रांची में डहरे सोहराय की धूम, मोरहाबादी से अल्बर्ट एक्का चौक तक दिखेगी आदिवासी-मूलवासी लोकसंस्कृति की झलक
राजधानी रांची बुधवार को पारंपरिक संस्कृति और लोक उत्सव के रंग में रंगी नजर आ रही है। कुड़मी समाज की सांस्कृतिक पहचान से जुड़े डहरे सोहराय उत्सव के आयोजन को लेकर विशेष उत्साह है। इस कार्यक्रम में रांची जिले के सभी 14 प्रखंडों से हजारों लोगों के शामिल होने की तैयारी की गई है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार सांस्कृतिक जुलूस मोरहाबादी मैदान से शुरू होकर अल्बर्ट एक्का चौक तक पहुंचेगा। इसमें शामिल लोग पारंपरिक वेशभूषा में ढोल, नगाड़े और मांदर की थाप पर लोकनृत्य और गीत प्रस्तुत करेंगे।
डहरे सोहराय का संबंध कृषि, पशुधन, प्रकृति और सामुदायिक जीवन की परंपराओं से है। सोहराय पर्व विशेष रूप से फसल और पशुधन के प्रति आभार व्यक्त करने की सांस्कृतिक परंपरा के रूप में जाना जाता है।
आयोजकों का उद्देश्य इस आयोजन के माध्यम से नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना और झारखंड की पारंपरिक लोककलाओं को व्यापक पहचान दिलाना है।
शहरवासियों के लिए जरूरी बात: मोरहाबादी से अल्बर्ट एक्का चौक के बीच जुलूस के दौरान कुछ मार्गों पर यातायात प्रभावित होने की संभावना है। वाहन चालकों को आयोजन स्थल के आसपास अतिरिक्त समय लेकर निकलना चाहिए। हालांकि, किसी विशिष्ट सड़क के बंद होने की आधिकारिक सूचना उपलब्ध नहीं है।
झारखंड स्टेट बार काउंसिल चुनाव आज, अध्यक्ष पद पर अभय चतुर्वेदी और निलेश कुमार में मुकाबला
झारखंड के अधिवक्ता समुदाय के लिए आज का दिन महत्वपूर्ण है। झारखंड स्टेट बार काउंसिल के अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) के प्रतिनिधि सदस्य पद के लिए 4 नवंबर को मतदान निर्धारित है।
चुनाव रांची के डोरंडा स्थित झारखंड स्टेट बार काउंसिल कार्यालय में कराया जा रहा है। मुख्य चुनाव पदाधिकारी न्यायमूर्ति अंबुज नाथ के अनुसार, मतदान की प्रक्रिया सुबह 11:15 बजे शुरू होनी है।
इस चुनाव में कुल 26 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इनमें काउंसिल के 25 सदस्य और राज्य के महाधिवक्ता शामिल हैं।
अध्यक्ष पद के लिए अभय कुमार चतुर्वेदी और निलेश कुमार के बीच सीधा मुकाबला है। उपाध्यक्ष पद के लिए चार उम्मीदवार मैदान में हैं। इनमें अनिल कुमार महतो, मधुलता रानी, मृत्युंजय कुमार श्रीवास्तव और रिंकू भकत शामिल हैं।
वहीं, बार काउंसिल ऑफ इंडिया के प्रतिनिधि सदस्य पद के लिए मनोज कुमार (द्वितीय), प्रशांत कुमार सिंह और संजय कुमार विद्रोही चुनाव लड़ रहे हैं।
मतदान के बाद उसी दिन मतगणना कराए जाने और परिणाम घोषित किए जाने की तैयारी है। इस चुनाव को लेकर अधिवक्ताओं में उत्सुकता है, क्योंकि नए पदाधिकारियों के सामने अधिवक्ताओं के कल्याण, युवा वकीलों की समस्याओं और पेशेवर हितों से जुड़े कई महत्वपूर्ण मुद्दे होंगे।
वोटर लिस्ट के SIR अभियान में आज पांचवीं BLO-BLA बैठक, सुबह 11 से दोपहर 1 बजे तक चुनाव पाठशाला
झारखंड में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण यानी Special Intensive Revision (SIR) की प्रक्रिया के बीच आज सभी मतदान केंद्रों पर पांचवीं बीएलओ-बीएलए बैठक आयोजित की जा रही है।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार बैठक सुबह 11 बजे से दोपहर 1 बजे तक चलेगी। इसके साथ ही पांचवीं चुनाव पाठशाला का भी आयोजन होगा।
इस बैठक का मुख्य उद्देश्य मतदाता सूची में दर्ज विवरणों की समीक्षा, नोटिस और सत्यापन की लंबित प्रक्रियाओं की पड़ताल तथा संबंधित मतदाताओं के मामलों को नियमानुसार आगे बढ़ाना है।
विशेष रूप से उन मतदाताओं के मामलों पर चर्चा की जाएगी, जिन्हें नोटिस जारी किए जाने और सत्यापन की कोशिशों के बावजूद आवश्यक औपचारिकताएं पूरी नहीं हो सकी हैं। संबंधित बीएलओ द्वारा ऐसे मामलों की सूची बैठक में उपस्थित बीएलए-2 सदस्यों और आम नागरिकों के समक्ष पढ़कर सुनाई जाएगी।
इसके बाद संबंधित मामलों में आवश्यक जानकारी, सुझाव और आपत्तियां प्राप्त की जाएंगी। इस पूरी प्रक्रिया में राजनीतिक दलों के बूथ स्तरीय प्रतिनिधियों और आम नागरिकों की भागीदारी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
मतदाताओं के लिए जरूरी सलाह: जिन लोगों को मतदाता सूची में नाम, पते या अन्य विवरण से संबंधित कोई नोटिस मिला है, वे अपने संबंधित बीएलओ से संपर्क कर आवश्यक दस्तावेज और जानकारी उपलब्ध कराएं। केवल बैठक में सूची पढ़े जाने को नाम हटाए जाने का अंतिम निर्णय नहीं समझना चाहिए। किसी भी आपत्ति का निपटारा निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार होगा।
खेलगांव में राष्ट्रीय ट्रैक साइकिलिंग चैंपियनशिप का आज अंतिम दिन, झारखंड के खिलाड़ियों पर निगाहें
रांची के खेलगांव स्थित सिद्धू-कान्हू वेलोड्रोम स्टेडियम में आयोजित राष्ट्रीय ट्रैक साइकिलिंग चैंपियनशिप 2026 आज अपने अंतिम चरण में पहुंच रही है।
30 अक्टूबर से शुरू हुई इस प्रतियोगिता में देशभर से 600 से अधिक साइकिलिस्टों के भाग लेने की जानकारी पहले दी गई थी। इसमें 78वीं सीनियर, 55वीं जूनियर और 41वीं सब-जूनियर राष्ट्रीय ट्रैक साइकिलिंग चैंपियनशिप के मुकाबले शामिल हैं।
राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतियोगिता में रेलवे, सेना, वायुसेना सहित विभिन्न संस्थानों और राज्यों के खिलाड़ी अपनी प्रतिभा दिखा रहे हैं।
झारखंड की साइकिलिस्ट सरिता कुमारी भी घरेलू मैदान पर राज्य का प्रतिनिधित्व कर रही हैं। प्रतियोगिता में खिलाड़ियों के प्रदर्शन के आधार पर रैंकिंग अंक मिलने का महत्व भी है। ऐसे अंक खिलाड़ियों की अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग और भविष्य में ओलंपिक क्वालिफिकेशन की संभावनाओं के लिहाज से उपयोगी हो सकते हैं।
प्रतियोगिता के समापन दिवस पर झारखंड के खिलाड़ियों से बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद है।
खेल के लिहाज से क्यों महत्वपूर्ण है यह आयोजन? रांची में अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाओं वाले वेलोड्रोम में राष्ट्रीय प्रतियोगिता आयोजित होना झारखंड के खेल बुनियादी ढांचे के लिए महत्वपूर्ण है। इससे स्थानीय खिलाड़ियों को देश के शीर्ष साइकिलिस्टों के साथ प्रतिस्पर्धा करने और अपनी क्षमता दिखाने का अवसर मिलता है।
कांग्रेस प्रभारी के. राजू का तीन दिवसीय रांची दौरा, संगठन की मजबूती और PESA पर होगी चर्चा
झारखंड प्रदेश कांग्रेस की राजनीतिक और संगठनात्मक गतिविधियां भी आज चर्चा में हैं। पार्टी के प्रदेश प्रभारी के. राजू तीन दिवसीय दौरे पर रांची पहुंच रहे हैं।
इस दौरे को प्रदेश कांग्रेस संगठन की समीक्षा और आगामी राजनीतिक गतिविधियों की रणनीति के लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
प्रस्तावित कार्यक्रम के तहत के. राजू प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं, पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और विभिन्न संगठनात्मक इकाइयों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक करेंगे।
दौरे के दौरान जिला और प्रखंड स्तर पर पार्टी की स्थिति, संगठनात्मक विस्तार, कार्यकर्ताओं की सक्रियता तथा आगामी राजनीतिक कार्यक्रमों पर चर्चा होने की संभावना है।
इसके अलावा PESA यानी पंचायत उपबंध (अनुसूचित क्षेत्रों पर विस्तार) अधिनियम के क्रियान्वयन से जुड़े विषयों पर भी संवाद प्रस्तावित है। इस कानून का उद्देश्य अनुसूचित क्षेत्रों में ग्रामसभाओं को स्थानीय शासन और प्राकृतिक संसाधनों से संबंधित मामलों में विशेष अधिकार देना है।
बोर्ड-निगमों के सदस्यों और मीडिया पैनलिस्टों के साथ भी चर्चा की योजना बताई गई है।
राजनीतिक दृष्टि से इस दौरे का महत्व इसलिए भी है कि झारखंड में कांग्रेस सत्तारूढ़ गठबंधन का हिस्सा है। ऐसे में संगठनात्मक समीक्षा के साथ सरकार और पार्टी के बीच समन्वय को मजबूत करने पर भी ध्यान रहने की संभावना है।
हालांकि, दौरे के दौरान किसी बड़े संगठनात्मक बदलाव या पदाधिकारी के हटाए जाने का कोई आधिकारिक निर्णय सामने नहीं आया है।
रांची में बालू की कीमत 40 हजार रुपये प्रति हाइवा तक, निर्माण कराने वालों की बढ़ी परेशानी
राजधानी रांची में मकान बनाने और निर्माण कार्य कराने वाले लोगों के लिए बालू की कीमत बड़ी चिंता बन गई है। राज्य के अलग-अलग जिलों में बालू की कीमतों में भारी अंतर सामने आया है।
उपलब्ध बाजार रिपोर्ट के अनुसार दुमका में वैध बालू घाटों से उठाव शुरू होने के बाद एक हाइवा बालू की कीमत लगभग 12 हजार रुपये तक पहुंच गई है। इसके विपरीत रांची में एक हाइवा बालू की कीमत 35 हजार से 40 हजार रुपये के बीच बताई जा रही है।
इस अंतर की प्रमुख वजह रांची में वैध बालू घाटों के संचालन और चालान जारी करने की प्रक्रिया में देरी बताई गई है।
जानकारी के अनुसार रांची में श्यामनगर बालू घाट से वैध उठाव शुरू कराने की प्रक्रिया चल रही है। जिले में बालू घाटों की नीलामी होने के बावजूद सभी घाटों पर लीज और अन्य औपचारिकताएं पूरी नहीं हो सकी हैं।
इसका सीधा असर बाजार पर पड़ रहा है। निर्माण सामग्री की कीमत बढ़ने से मकान बनवा रहे मध्यमवर्गीय परिवारों का बजट बिगड़ रहा है। छोटे ठेकेदारों और निर्माण व्यवसाय से जुड़े लोगों की लागत भी बढ़ रही है।
दूसरी ओर वैध स्रोतों से आपूर्ति सीमित रहने पर अवैध कारोबार और कालाबाजारी की आशंका भी बढ़ जाती है।
अब सबसे बड़ा सवाल: जब राज्य के दूसरे जिलों में वैध बालू उठाव के बाद कीमतों में कमी आ रही है, तो रांची में आम लोगों को सस्ती बालू कब उपलब्ध होगी? इसका समाधान केवल घाटों की नीलामी से नहीं, बल्कि लीज, पर्यावरणीय स्वीकृति, चालान और नियमित आपूर्ति की पूरी व्यवस्था सुचारु करने से संभव है।
चेन छिनतई मामले में अदालत का सख्त फैसला, दोषी को 10 साल की सश्रम कैद और 5.15 लाख जुर्माना
रांची में महिलाओं की सुरक्षा और सड़क पर होने वाली छिनतई की घटनाओं के खिलाफ न्यायिक कार्रवाई से जुड़ी एक महत्वपूर्ण खबर सामने आई है।
रांची व्यवहार न्यायालय में अपर न्याययुक्त-12 पवन कुमार की अदालत ने चेन छिनतई के एक मामले में दोषी दीपक महतो को 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। अदालत ने उस पर कुल 5 लाख 15 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
मामला सदर थाना क्षेत्र में 2 अक्टूबर 2024 को हुई घटना से जुड़ा है। अभियोजन के अनुसार रीना कुमारी अपने पति के साथ दुर्गापूजा की खरीदारी कर लौट रही थीं। इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार अपराधियों ने उनके गले से सोने की चेन झपट ली थी। घटना में उन्हें चोट भी आई थी।
सुनवाई के दौरान पीड़िता और उनके पति ने आरोपी दीपक महतो की पहचान की। अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर उसे दोषी ठहराया।
अदालत ने जुर्माने की राशि में से एक लाख रुपये पीड़िता को क्षतिपूर्ति के रूप में देने का निर्देश दिया है। शेष राशि अभियोजन सेल में जमा होगी।
इस मामले में दूसरे आरोपी जफर खान उर्फ शाहिद खान को पर्याप्त पहचान और साक्ष्य के अभाव में संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया गया।
अदालत की सख्ती से महिलाओं के खिलाफ होने वाले सड़क अपराधों को लेकर एक महत्वपूर्ण संदेश गया है। साथ ही यह फैसला बताता है कि मजबूत गवाही और साक्ष्य आपराधिक मामलों के निपटारे में कितने महत्वपूर्ण हैं।
रांची में मौसम बदलेगा, बारिश की गतिविधियां कमजोर; सुबह धुंध और आने वाले दिनों में बढ़ेगी ठंड
नवंबर की शुरुआत में बारिश और बादलों से प्रभावित राजधानी रांची के मौसम में अब बदलाव के संकेत मिल रहे हैं।
भारत मौसम विज्ञान विभाग के रांची केंद्र के 3 नवंबर के स्थानीय मौसम पूर्वानुमान के अनुसार 4 नवंबर को सुबह धुंध या कुहासा रहने और बाद में आंशिक रूप से बादल छाए रहने की संभावना है।
मौसम विभाग के उपलब्ध पूर्वानुमान में 4 नवंबर के लिए न्यूनतम तापमान लगभग 19 डिग्री और अधिकतम तापमान 28 डिग्री सेल्सियस रहने का अनुमान है।
इसके बाद 5 नवंबर से आसमान मुख्य रूप से साफ रहने की संभावना जताई गई है। अगले कुछ दिनों में न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है।
इससे सुबह और देर रात ठंड का एहसास बढ़ेगा। खासकर खुले इलाकों, ग्रामीण क्षेत्रों और ऊंचाई वाले स्थानों पर रहने वाले लोगों को तापमान में गिरावट अधिक महसूस हो सकती है।
आम लोगों के लिए सलाह:
- सुबह घर से निकलते समय हल्के गर्म कपड़े रखें।
- धुंध और कम दृश्यता के दौरान वाहन सावधानी से चलाएं।
- बच्चों और बुजुर्गों को सुबह की ठंड से बचाएं।
- मौसम में बदलाव को देखते हुए स्थानीय मौसम विभाग के अपडेट पर नजर रखें।
फिलहाल मौसम के साफ होने के संकेत हैं, लेकिन 4 नवंबर को दक्षिणी झारखंड के कुछ हिस्सों में हल्की बारिश की संभावना को पूरी तरह खारिज नहीं किया जा सकता।
दिवाली के बाद भी HEC कर्मचारियों को वेतन का इंतजार, अब छठ से पहले भुगतान की उम्मीद
रांची स्थित सार्वजनिक क्षेत्र की कंपनी हेवी इंजीनियरिंग कॉरपोरेशन (HEC) के कर्मचारियों की आर्थिक परेशानियां एक बार फिर चर्चा में हैं।
कंपनी के कर्मचारियों को लंबे समय से बकाया वेतन का इंतजार है। दीपावली जैसे बड़े त्योहार से पहले भी वेतन भुगतान नहीं होने से कर्मचारियों और उनके परिवारों को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
4 नवंबर को सामने आई जानकारी के अनुसार HEC लिमिटेड श्रमिक कर्मचारी यूनियन के प्रतिनिधिमंडल ने मंगलवार को कंपनी के निदेशक वित्त और निदेशक उत्पादन से मुलाकात की। यूनियन के महामंत्री प्रकाश कुमार ने कर्मचारियों के वेतन भुगतान का मुद्दा उठाते हुए प्रबंधन से दीपावली और छठ से पहले भुगतान करने का आग्रह किया।
अब कर्मचारियों को उम्मीद है कि छठ महापर्व से पहले कम से कम कुछ बकाया राशि का भुगतान किया जा सकता है।
HEC कभी देश के प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र के भारी इंजीनियरिंग प्रतिष्ठानों में शामिल रहा है। इस संस्थान ने औद्योगिक परियोजनाओं, इस्पात संयंत्रों और भारी मशीनरी निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
लेकिन वित्तीय संकट और उत्पादन संबंधी चुनौतियों ने संस्थान की कार्यप्रणाली को प्रभावित किया है।
कर्मचारियों के सामने केवल वेतन का सवाल नहीं है। बच्चों की पढ़ाई, घर का खर्च, चिकित्सा और त्योहारों की जरूरतें भी इसी आय पर निर्भर करती हैं।
अब प्रबंधन से अपेक्षा है कि वह वेतन भुगतान की समयबद्ध योजना स्पष्ट करे, ताकि कर्मचारियों को अनिश्चितता से राहत मिल सके।
रांची में सड़क हादसे की सूचना, बिहार पुलिस के एएसआई की मौत के दावे की आधिकारिक पुष्टि जरूरी
रांची में बीती रात एक गंभीर सड़क दुर्घटना में बिहार पुलिस के एक सहायक अवर निरीक्षक (ASI) की मौत होने की सूचना सामने आई है।
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार एक तेज रफ्तार कार और ऑटो के बीच टक्कर हुई थी। हादसे में ऑटो में सवार बिहार पुलिस के एएसआई गंभीर रूप से घायल हुए और उनकी मौत की खबर सामने आई। इस घटना ने एक बार फिर राजधानी में तेज रफ्तार वाहनों और सड़क सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
हालांकि, उपलब्ध सूचनाओं से अभी दुर्घटना का सटीक स्थान, मृतक का नाम, तैनाती स्थल, हादसे का समय और संबंधित थाना पुलिस की आधिकारिक पुष्टि स्पष्ट नहीं हो सकी है। इसलिए इन विवरणों को अंतिम तथ्य मानना उचित नहीं होगा।
पुलिस की जांच में यह स्पष्ट होना महत्वपूर्ण होगा कि दुर्घटना किस परिस्थिति में हुई, कार की रफ्तार कितनी थी और चालक की लापरवाही या किसी अन्य कारण की भूमिका थी या नहीं। सड़क हादसों को रोकने के लिए यातायात नियमों का पालन, निर्धारित गति सीमा और रात में सतर्क ड्राइविंग बेहद जरूरी है।
रांची के लिए आज का बड़ा संदेश: संस्कृति, प्रशासन, राजनीति और रोजगार के सवाल एक साथ
4 नवंबर 2026 की रांची की तस्वीर कई महत्वपूर्ण पहलुओं को सामने लाती है। डहरे सोहराय उत्सव झारखंड की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को जीवंत कर रहा है। बार काउंसिल चुनाव राज्य की कानूनी व्यवस्था के पेशेवर नेतृत्व के लिए अहम है। वहीं SIR के तहत मतदाता सूची की समीक्षा लोकतांत्रिक प्रक्रिया से जुड़ा महत्वपूर्ण कार्य है।
दूसरी ओर, बालू की बढ़ती कीमतें आम परिवारों की निर्माण लागत बढ़ा रही हैं और HEC कर्मचारियों का वेतन संकट औद्योगिक क्षेत्र की चुनौतियों को उजागर कर रहा है।
राजधानी में मौसम बदलने के साथ ठंड की शुरुआत भी महसूस होने लगी है। खेलगांव की राष्ट्रीय साइकिलिंग प्रतियोगिता रांची की खेल क्षमता को राष्ट्रीय मंच पर सामने ला रही है।
इन तमाम घटनाक्रमों के बीच आम नागरिकों की सबसे बड़ी अपेक्षा यही है कि प्रशासनिक व्यवस्था पारदर्शी बने, जरूरी सेवाएं सुचारु रहें, रोजगार और वेतन से जुड़ी समस्याओं का समाधान हो तथा राजधानी का विकास आम लोगों के जीवन में वास्तविक बदलाव लाए।
- झारखंड में JTET से JSSC-CGL तक हलचल, 25 गिरफ्तार; रांची में 10 पुलिसकर्मी निलंबित
- 12 घंटे के आंदोलन के बाद झुका इरबा SFK Manufacturer प्रबंधन, सभी मांगों पर सहमति
- ओरमांझी सीलबंद शराब फैक्ट्री से CCTV DVR गायब, बिहार के पूर्व MLC पर FIR





