Ranchi Top 10 News Today: निशा भगत की मौत से हड़कंप, JSSC-CGL पर हाईकोर्ट का बड़ा फैसला
रांची में आदिवासी नेत्री निशा भगत की मौत से राजनीतिक हलचल, JSSC-CGL भर्ती पर हाईकोर्ट का फैसला, धनतेरस की रौनक और सुरक्षा से जुड़ी 10 प्रमुख खबरें।

रांची दर्पण डेस्क। झारखंड की राजधानी रांची में शुक्रवार, 6 नवंबर को कई महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आए। (Ranchi Top 10 News Today) आदिवासी नेत्री निशा भगत की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने राजनीतिक और सामाजिक हलकों में हलचल मचा दी है। वहीं, झारखंड हाईकोर्ट के JSSC-CGL नियुक्तियों को लेकर आए फैसले से सफल अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है।
दूसरी ओर, धनतेरस की खरीदारी, माओवादी गतिविधियों को लेकर पुलिस की सतर्कता, एयरपोर्ट पर फर्जी नौकरी के विज्ञापनों से सावधान रहने की अपील और रिम्स की स्वास्थ्य व्यवस्था भी चर्चा में रही।
आदिवासी नेत्री निशा भगत की मौत से रांची में सनसनी, फेसबुक लाइव के बाद पुलिस जांच तेज
रांची के पिठोरिया थाना क्षेत्र में आदिवासी अधिकारों से जुड़ी गतिविधियों में सक्रिय निशा कुमारी भगत की मौत ने कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। शुक्रवार को उनकी मौत से पहले सोशल मीडिया पर करीब 11 मिनट का फेसबुक लाइव सामने आया, जिसमें वह भावुक अवस्था में अपनी परेशानियों और कथित प्रताड़ना का जिक्र करती दिखाई दीं।
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, लाइव प्रसारण के दौरान उन्होंने पिठोरिया थाना प्रभारी से फोन पर बात भी की थी। उन्होंने राज्य व्यवस्था और कथित जमीन दलालों को लेकर अपनी नाराजगी जाहिर की थी। पुलिस के मुताबिक, उनका शव घर के एक कमरे में मिला। शव को पोस्टमार्टम के लिए रिम्स भेजा गया है।
रांची पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है। फिलहाल मौत के वास्तविक कारण और लाइव वीडियो में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। इस घटना के बाद आदिवासी सामाजिक संगठनों और राजनीतिक दलों ने निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।
निशा भगत की मौत पर भाजपा आक्रामक, CBI जांच और मुख्यमंत्री के इस्तीफे की मांग
आदिवासी नेत्री निशा भगत की मौत का मामला अब राजनीतिक विवाद का रूप लेता दिखाई दे रहा है। भाजपा नेताओं ने इस घटना को लेकर राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन पर सवाल उठाए हैं।
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने, जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने और केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) से जांच कराने की मांग की है। उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के इस्तीफे की मांग भी उठाई है।
हालांकि, राजनीतिक आरोपों और जांच में साबित तथ्यों के बीच अंतर करना जरूरी है। अभी तक किसी व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी न्यायिक अथवा जांच प्रक्रिया से स्थापित नहीं हुई है।
JSSC-CGL पर झारखंड हाईकोर्ट का बड़ा फैसला, चयनित अभ्यर्थियों को मिली राहत
झारखंड हाईकोर्ट ने शुक्रवार को JSSC-CGL भर्ती प्रक्रिया रद्द करने संबंधी राज्य सरकार के फैसले को निरस्त कर दिया। न्यायमूर्ति दीपक रोशन की अदालत के इस फैसले से विज्ञापन संख्या 10/2023 के तहत चयनित अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है।
अदालत ने माना कि कथित अनियमितताओं की जांच पूरी होने से पहले पूरी भर्ती प्रक्रिया और नियुक्तियों को रद्द करना उचित नहीं था। गड़बड़ी में शामिल पाए जाने वाले अभ्यर्थियों के खिलाफ व्यक्तिगत रूप से कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
इस फैसले के बाद चयनित उम्मीदवारों की नियुक्तियों को बहाल रखने और उनकी सेवा निरंतरता से जुड़े लाभों को सुरक्षित करने का रास्ता साफ हुआ है। हालांकि, परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच जारी रहेगी। इस फैसले से लंबे समय से असमंजस में रहे अभ्यर्थियों को बड़ी राहत मिली है।
धनतेरस पर रांची के बाजारों में रौनक, 710 करोड़ रुपये से अधिक कारोबार का अनुमान
धनतेरस के अवसर पर रांची के बाजारों में शुक्रवार को खरीदारी का उत्साह देखने को मिला। राजधानी के प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्रों में सुबह से ही ग्राहकों की आवाजाही बढ़ी रही। सोने-चांदी के आभूषण, इलेक्ट्रॉनिक्स, दोपहिया और चारपहिया वाहन, बर्तन, फर्नीचर तथा घरेलू सामान की दुकानों पर ग्राहकों की भीड़ रही।
व्यापारिक अनुमानों के अनुसार, इस धनतेरस पर रांची में 710 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार होने की उम्मीद जताई गई है। ऑटोमोबाइल और ज्वेलरी कारोबार में विशेष उत्साह रहने की संभावना है। हालांकि, यह अनुमानित आंकड़ा है, अंतिम कारोबार का आधिकारिक आंकड़ा नहीं।
रांची एयरपोर्ट के नाम पर नौकरी का झांसा, AAI ने युवाओं को किया सतर्क
बिरसा मुंडा एयरपोर्ट, रांची के नाम पर फर्जी भर्ती विज्ञापन जारी कर युवाओं को ठगने की कोशिशों को लेकर भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) ने चेतावनी जारी की है।
बताया गया है कि कुछ असामाजिक तत्व एयरपोर्ट में नौकरी दिलाने का झांसा देकर युवाओं को आकर्षित कर रहे हैं। ऐसे विज्ञापनों के माध्यम से आवेदन शुल्क, रजिस्ट्रेशन और नियुक्ति के नाम पर पैसे मांगे जाने का खतरा है।
AAI ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि किसी भी नौकरी संबंधी सूचना की पुष्टि केवल आधिकारिक वेबसाइट से करें। अनजान लोगों को पैसे देने या आधार, पैन और बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी साझा करने से बचें। साइबर ठगी की स्थिति में हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत की जा सकती है।
माओवादी गतिविधियों को लेकर झारखंड में अलर्ट, रांची पुलिस को अतिरिक्त सतर्कता के निर्देश
झारखंड में प्रतिबंधित भाकपा (माओवादी) संगठन की संभावित गतिविधियों को देखते हुए पुलिस मुख्यालय ने 5 नवंबर को राज्यव्यापी सतर्कता संबंधी निर्देश जारी किए हैं।
खुफिया सूचनाओं के अनुसार, नवंबर में संगठन की ओर से अलग-अलग कार्यक्रम आयोजित किए जाने की आशंका है। इसी मद्देनजर रांची सहित सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों और संबंधित सुरक्षा इकाइयों को निगरानी बढ़ाने तथा सुरक्षा व्यवस्था मजबूत रखने को कहा गया है।
रिपोर्ट के मुताबिक नवंबर में अलग-अलग चरणों में कार्यक्रम आयोजित किए जाने की आशंका जताई गई है। इनमें 8 से 15 नवंबर तक कथित खूनी क्रांति सप्ताह, 16 से 22 नवंबर तक दमन विरोधी सप्ताह और 24 से 30 नवंबर तक शहीद सप्ताह शामिल हैं।
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां संभावित गतिविधियों पर नजर रख रही हैं। आम नागरिकों से भी अपील है कि किसी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी मिलने पर पुलिस को सूचित करें।
रांची DC पहुंचे कुम्हार बस्ती, खुद खरीदे मिट्टी के दीये; स्थानीय कारीगरों को प्रोत्साहन
दीपावली के अवसर पर स्थानीय कारीगरों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से रांची के उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री शुक्रवार को अरसंडे स्थित जय प्रकाश नगर की कुम्हार बस्ती पहुंचे।
इस दौरान उन्होंने कुम्हार परिवारों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और आजीविका की स्थिति की जानकारी ली। उपायुक्त ने स्वयं मिट्टी के दीये खरीदे और शहरवासियों से अपील की कि वे त्योहार के दौरान स्थानीय कुम्हारों से दीये और पारंपरिक उत्पाद खरीदें।
उन्होंने कारीगरों को उचित मूल्य देने की आवश्यकता पर जोर दिया। साथ ही प्रशासन की ओर से प्रशिक्षण, उपकरण और अन्य आवश्यक सहयोग उपलब्ध कराने की संभावनाओं पर भी चर्चा की।
यह पहल स्थानीय हस्तशिल्प, पारंपरिक कुटीर उद्योग और छोटे कारोबारियों की आजीविका को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
रिम्स को छठ के बाद मिलेंगे 45 नए वेंटिलेटर, गंभीर मरीजों के इलाज में बढ़ेगी सुविधा
रांची स्थित राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स) में गंभीर मरीजों के उपचार की सुविधाएं मजबूत करने की तैयारी की जा रही है। अस्पताल को छठ पर्व के बाद पहले चरण में 45 नए वेंटिलेटर मिलने की उम्मीद है।
रिपोर्ट के अनुसार अस्पताल प्रबंधन ने वेंटिलेटर की खरीद प्रक्रिया आगे बढ़ाई है। इन मशीनों को पीडियाट्रिक्स सहित उन वार्डों में लगाया जाएगा, जहां गंभीर मरीजों को इसकी जरूरत है। आगे ट्रॉमा सेंटर के लिए भी अतिरिक्त वेंटिलेटर की व्यवस्था करने की योजना है।
इस खबर के साथ राज्य के सरकारी अस्पतालों में चिकित्सा उपकरणों के इस्तेमाल की समस्या भी सामने आई है। कई जिलों में वेंटिलेटर उपलब्ध होने के बावजूद प्रशिक्षित डॉक्टरों, तकनीकी कर्मचारियों और आईसीयू संचालन की कमी के कारण उनका पूरा उपयोग नहीं हो पा रहा है। ऐसे में केवल मशीनों की खरीद नहीं, बल्कि उनके संचालन के लिए पर्याप्त मानव संसाधन उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय के नाम पर विवाद, आदिवासी छात्र संगठनों का प्रदर्शन
रांची स्थित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी विश्वविद्यालय के नाम परिवर्तन का मुद्दा एक बार फिर चर्चा में आ गया है। विश्वविद्यालय का नाम बदलकर शहीद वीर बुधु भगत विश्वविद्यालय करने के प्रस्ताव को लागू करने की मांग को लेकर आदिवासी छात्र संगठनों और सामाजिक संगठनों ने विरोध प्रदर्शन किया।
रिपोर्टों के अनुसार झारखंड मंत्रिमंडल ने करीब डेढ़ वर्ष पहले विश्वविद्यालय का नाम बदलने के प्रस्ताव को मंजूरी दी थी, लेकिन इसे अब तक लागू नहीं किए जाने से छात्र संगठनों में नाराजगी है।
प्रदर्शनकारियों ने विश्वविद्यालय परिसर के मुख्य द्वार पर नाम परिवर्तन की मांग उठाई। शुक्रवार को विरोध प्रदर्शन के दौरान टायर जलाकर सड़क जाम किए जाने की भी खबर है।
छात्र संगठनों का कहना है कि वीर बुधु भगत झारखंड के ऐतिहासिक आदिवासी विद्रोह और स्वतंत्रता संघर्ष के महत्वपूर्ण प्रतीक हैं। वहीं, इस मामले में सरकार की ओर से निर्णय लागू किए जाने की प्रक्रिया पर स्थिति स्पष्ट होना बाकी है।
रांची रेलवे स्टेशन पर ट्रेन से 5 लाख रुपये का गांजा जब्त, RPF ने GRPS को सौंपा मामला
रांची रेलवे स्टेशन पर रेलवे सुरक्षा बल (RPF) ने जांच अभियान के दौरान ट्रेन संख्या 18309 से लावारिस हालत में गांजा बरामद किया है। रिपोर्ट के मुताबिक 5 नवंबर को चलाए गए संयुक्त जांच अभियान में बांस की टोकरियों के भीतर छिपाकर रखा गया लगभग 10 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ। इसकी अनुमानित बाजार कीमत करीब पांच लाख रुपये बताई गई है।
यह कार्रवाई रेलवे सुरक्षा बल की नशा तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन नारकोस के तहत की गई। बरामद गांजे पर किसी व्यक्ति ने दावा नहीं किया, जिसके बाद RPF ने आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जब्त सामग्री को राजकीय रेलवे पुलिस (GRPS) के हवाले कर दिया। अब मामले में यह पता लगाने की कोशिश की जाएगी कि प्रतिबंधित पदार्थ किसका था और इसे कहां ले जाया जा रहा था।





